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JEE MAINS Maths Archive

Rate of Change of Qualities in Maths

1.गणित में राशियों के परिवर्तन की दर (Rate of Change of Qualities in Maths),अवकलज के अनुप्रयोग कक्षा 12 (Application of Derivatives  Class 12): गणित में राशियों के परिवर्तन की दर (Rate of Change of Qualities in Maths) को समझने के लिए अवकलज को पुनः स्मरण कीजिए।अवकलज भी राशियों के परिवर्तन की दर को ही दर्शाता

Arithmetic Progression Class 11

1.समान्तर श्रेढ़ी कक्षा 11 (Arithmetic Progression Class 11),गणित में समान्तर श्रेढ़ी (Arithmetic Progression in Mathematics): समान्तर श्रेढ़ी कक्षा 11 (Arithmetic Progression Class 11) में समान्तर श्रेढ़ी एक ऐसा अनुक्रम है जिसके प्रत्येक पद उसके पूर्ववर्ती पद से अन्तर सदैव स्थिर रहता है।एक अनुक्रम   को समान्तर अनुक्रम या समान्तर श्रेणी कहते हैं यदि समान्तर श्रेढ़ी

Differentiation in Mathematics

1.गणित में अवकलन (Differentiation in Mathematics),अवकलन कक्षा 12 (Differentiation Class 12): गणित में अवकलन (Differentiation in Mathematics) का स्पष्ट ज्ञान हो चुका होगा।अब कुछ ओर उदाहरणों से अवकलन के कुछ विशिष्ट समस्याओं को हल करेंगे।आपको यह जानकारी रोचक व ज्ञानवर्धक लगे तो अपने मित्रों के साथ इस गणित के आर्टिकल को शेयर करें।यदि आप इस

Sequence Class 11

1.अनुक्रम कक्षा 11 (Sequence Class 11),गणित में अनुक्रम (Sequence in Mathematics): अनुक्रम कक्षा 11 (Sequence Class 11) का उपयोग साधारण अंग्रेजी के समान किया जाता है।जब हम कहते हैं कि समूह के अवयवों को अनुक्रम में सूचीबद्ध किया गया है तब हमारा तात्पर्य है कि समूह को इस प्रकार क्रमिक किया गया है कि हम

Differentiation Class 12

1.कक्षा 12 में अवकलन (Differentiation Class 12),गणित में अवकलन (Differentiation in Mathematics): कक्षा 12 में अवकलन (Differentiation Class 12) में अवकलन से तात्पर्य है कि किसी फलन का अवकलज ज्ञात करने की प्रक्रिया।हम वाक्यांश x के सापेक्ष f(x) का अवकलन कीजिए का भी प्रयोग करते हैं जिसका अर्थ होता है कि f'(x) ज्ञात कीजिए।आपको यह

Function and Relation Class 11

1.फलन तथा सम्बन्ध कक्षा 11 (Function and Relation Class 11),फलन तथा सम्बन्ध (Function and Relation): फलन तथा सम्बन्ध कक्षा 11 (Function and Relation Class 11) के इस आर्टिकल से पूर्व सम्बन्ध तथा फलन के कुछ आर्टिकल पोस्ट कर चुके हैं।इस आर्टिकल में फलन तथा सम्बन्ध के कुछ ओर उदाहरणों के द्वारा इन्हें समझेंगे।आपको यह जानकारी

Rolle Theorem in Differential Calculus

1.अवकलन गणित में रोले प्रमेय (Rolle Theorem in Differential Calculus),कलन में मध्यमान प्रमेय (Mean Value Theorem in Calculus): अवकलन गणित में रोले प्रमेय (Rolle Theorem in Differential Calculus) के साथ-साथ मध्यमान प्रमेय की ज्यामितीय व्याख्या (Geometrical Interpretation) करेंगे।रोले का प्रमेय (Rolle Theorem):मान लीजिए कि संवृत अन्तराल [a,b] तथा विवृत अन्तराल (a,b) में अवकलनीय है और

Function in Maths Class 11

1.गणित में फलन कक्षा (Function in Maths Class 11),गणित में फलन (Function in Mathematics): गणित में फलन कक्षा (Function in Maths Class 11) की परिभाषा इस प्रकार है।एक समुच्चय A से समुच्चय B का सम्बन्ध f एक फलन कहलाता है यदि समुच्चय A के प्रत्येक अवयव का समुच्चय B में एक और केवल एक प्रतिबिम्ब

Probability Class 9

1.प्रायिकता कक्षा 9 (Probability Class 9),प्रायिकता कक्षा 9 अतिरिक्त सवाल (Probability Class 9 Extra Questions): प्रायिकता कक्षा 9 (Probability Class 9) के सवालों में संभवत,संदेह,संभावना,संयोग इत्यादि अनिश्चितता के शब्दों का प्रयोग किया जाता है।इनका संख्यात्मक रूप से मापन किया जा सकता है। यद्यपि प्रायिकता की उत्पत्ति जुए के खेल से हुई थी फिर भी इसका

Second Order Derivative Class 12

1.द्वितीय कोटि का अवकलज कक्षा (Second Order Derivative Class 12),द्वितीय कोटि का अवकलज (Second Order Derivative): द्वितीय कोटि का अवकलज कक्षा (Second Order Derivative Class 12):मान लीजिए y=f(x) है तो यदि f'(x) अवकलनीय है तो हम x के सापेक्ष (1) का पुनः अवकलन कर सकते हैं।इस प्रकार बाँया पक्ष हो जाता है: इसे द्वितीय कोटि